नीट करने के फायदे | NEET Karne Ke Fayde

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नीट करने के फायदे (NEET Karne Ke Fayde), नीट क्या है, नीट एग्जाम कितनी बार दे सकते है, बीएससी नर्सिंग के लिए नीट जरूरी है क्या, नीट एग्जाम में कितने चांस मिलते हैं?

नमस्कार साथियों आज के इस आर्टिकल में हम बताने वाले हैं कि नीट करने के फायदे (NEET Karne Ke Fayde) क्या क्या होते हैं इसके बारे में विस्तार से जानकारी देने वाले हैं। वर्तमान समय में Medical के क्षेत्र में कई ऐसे Course है, जिसमें की मेडिकल Courses को करने के लिए नीट की परीक्षा अनिवार्य होता है। 

यदि आप डॉक्टर बनने की सपना देख रहे हैं तो NEET Exam देना अनिवार्य है तभी जाकर आप मेडिकल कॉलेजों में दाखिला ले सकते हैं MBBS, BDS, BHMS जैसे कोर्सों को कर सकते हैं। 

नीट करने के फायदे | NEET Karne Ke Fayde
नीट करने के फायदे | NEET Karne Ke Fayde

NEET की Exam सबसे पॉपुलर परीक्षाओं में से एक है यदि आप चिकित्सा के क्षेत्र में उच्च कोर्स करना चाहते हैं तो इसके लिए नीट की परीक्षा क्वालीफाई करना अनिवार्य है तभी जाकर अबे मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश ले पाएंगे। 

अक्सर विद्यार्थियों के मन में प्रश्न होते हैं कि NEET करने के फायदे क्या क्या होते हैं? नीट परीक्षा पास करने के बाद इसका मुख्य फायदा यह है कि मेडिकल कॉलेजों में दाखिला ले सकते हैं। यदि आप नीट की परीक्षा अच्छे नंबर के साथ बात करते हैं तो आपको सरकारी कॉलेजों में दाखिला मिल पाएंगे।

नीट करने के फायदे (NEET Karne Ke Fayde)

नीट करने के फायदे– NEET Karne Ke Fayde निम्नलिखित है जो कि हमने कुछ फायदों के बारे में नीचे बताया है:–

  • नीट करने के लिए 12वीं कक्षा पास करना अनिवार्य है।
  • NEET करने के फायदे आप एक अच्छे डॉक्टर बन सकते हैं।
  • नीट की परीक्षा सभी विद्यार्थियों के लिए बराबर अवसर प्रदान करते हैं।
  • NEET की EXAM एकमात्र ऐसा Entrance Exam है, जोकि आप देश विदेशों से MBBS जैसे कोर्सों की पढ़ाई कर सकते हैं।
  •  नीट करने से आपका भविष्य सुरक्षित हो जाता है, क्योंकि अगर आप आगे मेडिकल के कोर्स करना चाहते हैं तो आराम से कर सकते हैं।
  • नीट परीक्षा का फायदा यह है कि यदि आप कोई अच्छे मेडिकल कोर्स करना चाहते हैं तो इसके लिए नीट की परीक्षा पास करना अनिवार्य होता है।
नीट एग्जाम के बाद क्या करें?
नीट में कितने चांस मिलते है?
एमबीबीएस के लिए नीट में कितने मार्क्स चाहिए?
बीएससी नर्सिंग के लिए नीट जरूरी है क्या?

नीट क्या है (What Is Neet in Hindi)

मेडिकल के क्षेत्र में नीट एक एंट्रेंस एग्जाम है, जो कि यह एक राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा होती है इस परीक्षा को NTA (National Testing Agency) के द्वारा परीक्षा को आयोजित कराए जाते हैं।

नीट की परीक्षा का मुख्य उद्देश्य यह है कि मेडिकल के कोर्स में स्टूडेंट्स को एडमिशन दिलाना है यही इसका उद्देश्य है अगर आप बीडीएस, एमबीबीएस जैसे कोर्सों में एडमिशन लेना चाहते हैं तो इसके लिए नीट की परीक्षा पास करना अनिवार्य होता है।

नीट की परीक्षा की शुरुआत वर्ष 2016 में किया गया था यह पहले AIPMT (All India Pre Medical Test) के नाम से जाना जाता था, लेकिन इसका नाम बदलकर NEET  कर दिया गया है।

NEET का फुल फॉर्म क्या है?

नीट (NEET) का फुल फॉर्म National Eligibility Cum Entrance Test  होता है, जिसे हिंदी में राष्ट्रीय पात्रता व प्रवेश परीक्षा कहां जाता है। नीट परीक्षा एक राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित करते हैं जो उम्मीदवार इस परीक्षा में शामिल होकर सफल होते हैं वह लोग चिकित्सा पाठ्यक्रम को करने के लिए योग्य होते हैं। नीट परीक्षा को आयोजित करने वाली संस्था नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) के द्वारा किया जाता है।

नीट का कोर्स कितने साल का होता है?

नीट का कोर्स 0 साल का होता है। यह कहने का मतलब यह है कि नीट कोई कोर्स नहीं है, बल्कि नीट एक एग्जाम है। जो उम्मीदवार मेडिकल के क्षेत्र में अपना भविष्य बनाना चाहता है तो उन लोगों के लिए नीट का एक्जाम सबसे पहले पास करना होता है तभी जाकर मेडिकल कॉलेजों में दाखिला मिल पाते हैं।

नीट एग्जाम कितनी बार दे सकते है? (NEET Exam Kitni Baar De Sakte Hai)

नीट एग्जाम साल में एक ही बार दे सकते हैं, क्योंकि नीट की परीक्षा प्रत्येक वर्ष में एक ही बार आयोजित किए जाते हैं। जो उम्मीदवार नीट की परीक्षा एक बार में पास नहीं कर पाते हैं वह तब तक नीट की परीक्षा दे सकते हैं जब तक वह नीट की परीक्षा में पास ना हो जाए अर्थात कहने का तात्पर्य यह है कि नीट एग्जाम देने का कोई सीमित समय निर्धारित नहीं किया गया हैं।

बीएससी नर्सिंग के लिए नीट जरूरी है क्या?

बीएससी नर्सिंग के लिए नीट की परीक्षा जरूरी नहीं होती है, क्योंकि बीएससी नर्सिंग एक नर्सिंग का कोर्स होता है। यदि आप चिकित्सा के क्षेत्र में उच्च डिग्रियां प्राप्त करना चाहते हैं जैसे कि बीएचएमएस, बीडीएस, एमबीबीएस जैसे कोर्स करना चाहते हैं। तो इसके लिए नीट की परीक्षा जरूरी होती है।

नीट की परीक्षा के लिए योग्यता (NEET Exam Ke Liye Qualification)

नीट की परीक्षा देने के लिए कुछ इस प्रकार के योग्यताएं मांगी जाती है:–

  • नीट की परीक्षा देने के लिए 12वीं कक्षा में 50% अंकों के साथ पास करना अनिवार्य है।
  • 12वीं कक्षा में साइंस स्ट्रीम से पीसीबी (Physics, Chemistry, Biology) ग्रुप को चुनना अनिवार्य है तभी जाकर नीट की परीक्षा के लिए योग्य होंगे।
  • नीट के लिए अंग्रेजी विषय होना जरूरी है।

नीट के लिए आयु सीमा क्या है? (NEET Ke Liye Age Limit)

नीट के लिए उम्मीदवारों की आयु सीमा की बात किया जाए तो न्यूनतम उम्र 17 वर्ष होनी चाहिए तथा अधिकतम आयु सीमा की बात किया जाए तो कोई निर्धारित नहीं है जब तक आप नीट की परीक्षा पास नहीं हो जाते तब तक आप नीट की परीक्षा दे सकते हैं। अधिकतम निर्धारित आयु सीमा को हटा दिया गया है अब सिर्फ न्यूनतम आयु सीमा को पूरा करते हैं तो अब नीट की परीक्षा देने के लिए योग्य है।

FAQ’S

प्रश्न 1. नीट एग्जाम कितनी बार दे सकते है?

उत्तर– नीट एग्जाम साल में एक ही बार दे सकते हैं, क्योंकि नीट की परीक्षा प्रत्येक वर्ष में एक ही बार आयोजित किए जाते हैं।

प्रश्न 2. नीट का कोर्स कितने साल का होता है?

उत्तर– नीट का कोर्स 0 साल का होता है। यह कहने का मतलब यह है कि नीट कोई कोर्स नहीं है, बल्कि नीट एक एग्जाम है।

प्रश्न 3. बीएससी नर्सिंग के लिए नीट जरूरी है क्या?

उत्तर– बीएससी नर्सिंग के लिए नीट की परीक्षा जरूरी नहीं होती है, क्योंकि बीएससी नर्सिंग एक नर्सिंग का कोर्स होता है।

FINAL WORDS:–

यदि दोस्तों इस लेख नीट करने के फायदे (NEET Karne Ke Fayde) से संबंधित आपलोगों के मन में किसी भी प्रकार के प्रश्न हो तो कमेंट बॉक्स में कमेंट कर बता सकते हैं।

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